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कलमकार ज़ोया शेख़

नाम: ज़ोया शेख़
शिक्षा: BA
शहर: लखीमपुर खीरी
शौक: दीनी तालीम और शायरी

कलमकार का कहना है-
"हम फितरतन उदास हैं वर्ना हमारे घर, हर चीज़ दस्तयाब है यअनी सुकूँ भी है."

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इस पोर्टल पर 'हिन्दी बोल India' के नियमित कलमकार अपनी स्वरचित रचनाएँ पोस्ट करतें हैं, यह उनकी रचनाओं की डायरी है। आइए यहाँ पर लिखनेवाले रचनाकारों के बारे में जानें।

मेरी प्रस्तुतियाँ

298 रचनाएँ कलमकार पोर्टल पर प्रकाशित

कोड शीर्षक तिथि
25SAT11547 क्या कहा खुदकुशी 25 January 2025
25SAT11545 इश्क़ा तुम्हारे हुस्न का सद बाब हो गया 25 January 2025
25SAT11543 मेरे हुसैन को पानी नहीं दिया तूने 25 January 2025
25SAT11541 जो चमक तुझमें है 25 January 2025
24SAT10934 जिनको ताहा कभी यासीन पुकारा रब ने। 05 October 2024
24SAT10932 जो चाहते हो मुझे बताओ हर एक रिश्ते का प्यार दूँगी। 05 October 2024
24SAT10928 उठती नहीं है ज़िंदगी कैसे उठाएँ यार। 05 October 2024
24SAT10923 अर्श लगता था कभी अब तो ज़मीं लगता है। 05 October 2024
24SAT10921 देख रानी तू भी किरदार से हट सकती है। 05 October 2024
24SAT10911 उससे कहना वो मेरे पास न आए जाए। 05 October 2024
24SAT10909 जब भी मिलता है यही बात कहा करता है। 05 October 2024
24SAT10903 लज़्ज़ते लम्स से आशना नइँ हुए। 05 October 2024
24SAT10901 हिज्र है दर्द है उदासी है। 05 October 2024
24SAT10899 हम ऐसे बच्चे, जवान बच्चे ये बचपने से ही रट रहे हैं। 05 October 2024
24SUN10881 क्या बताऊँ किस तरह यारम सुकूँ तक खा गया। 29 September 2024
24SUN10879 तुम्हारी जब भी कभी ग़म से दोस्ती होगी। 29 September 2024
24SUN10871 तुम्हें जब ख़ुद से बरहम देखते हैं। 29 September 2024
24SUN10867 कुछ लोगों को ये लगता है मैंने उनसे यारी की। 29 September 2024
24SUN10865 ग़म को जो बेवफ़ा समझते हैं। 29 September 2024
24SUN10862 दर्द को वक़्त से बेहतर नहीं होने देंगे। 29 September 2024
24SUN10860 कहने को बस यार निभाई जाती है। 29 September 2024
24SUN10858 बात ही बात में जिस बात से टाला है मुझे। 29 September 2024
24SUN10856 हुस्न मेरा ज़अ्फ़ की फेहरिस्त में आ जाएगा। 29 September 2024
24SUN10854 वहशत भरे मकान में गूँजी सदाए इश्क़। 29 September 2024
24SUN10837 दर्द के खूँ की तरफ़ बढ़ते क़दम झेलते हैं। 22 September 2024
24SUN10835 रंज वहशत में फँसी ज़ात का मतलब समझे। 22 September 2024
24SUN10832 ज़ख्म दर ज़ख़्म मेरे चेहरे पे पेवस्ता है। 22 September 2024
24SUN10829 (नात) न जाने कितना अरसा है समुंदर पार जाने में। 22 September 2024
24SUN10827 ज़हनी अज़ीयतों से तो दो चार मत करो। 22 September 2024
24SUN10825 साँसों के तवस्सुत से क़ज़ा लूट रहे हैं। 22 September 2024
24SUN10823 ख़्वाहिशें हक़ीक़त का रूप धार कर ख़ुश हैं। 22 September 2024
24SUN10816 दर से ठुकराने की भी जानियाँ हद होती है। 22 September 2024
24SUN10810 शुक्र की लब पे मेरे इसलिए आयत होती। 22 September 2024
24SUN10794 ये दुश्मन यूँ ही फेमस हैं अज़ीयत यार देते हैं। 22 September 2024
24SUN10792 अगर तुम अपनी मर्ज़ी अपना चाहा कर नहीं सकते। 22 September 2024
24SUN10777 क्यों साफ़ नहीं कहते कि क्या देख रहा है। 22 September 2024
24SAT10648 न ही वो ज़ह्न से निकले न ही सहा जाए। 24 August 2024
24SAT10644 मेरे रिस्ते हुए ज़ख़्मों ने कफ़न थाम लिया। 24 August 2024
24SAT10641 खुश्बू की तरह जिस्म में तहलील हुआ था। 24 August 2024
24SAT10639 चमन में फ़िर बहार आई, गुलों में फ़िर निखार आया। 24 August 2024
24SAT10637 वेहशतें बख़्त का हासिल थीं मज़ा आता था। 24 August 2024
24SAT10635 शबे ग़म की तवालत हाए तौबा। 24 August 2024
24SAT10633 जाओ ऊँचे दिमाग़ देखे हैं। 24 August 2024
24SAT10631 ख़ुदा के हाथ है तेरा नसीब शहज़ादे। 24 August 2024
24SAT10629 ज़ह्र के जैसी मुझे उसकी हँसी लगती है। 24 August 2024
24SAT10627 ज़िंदगी तेरे मुक़ाबिल में उतारे जाएँ। 24 August 2024
24SAT10625 वहशते ग़म से मिला दिल तो सुकूँ हार गया। 24 August 2024
24SAT10623 तेरी वहशत को ज़्यादा क्यों करें हम। 24 August 2024
24SAT10621 पल में तोला पल में माशा यारा होना पड़ता है। 24 August 2024
24SAT10619 वो तो हम हैं बज़द ज़ोया के होंटों को हँसाने में। 24 August 2024
24SAT10617 शे`र वहशत के सुनाएँगे चले जाएँगे। 24 August 2024
24SAT10615 ख़ुशबू की तरह जिस्म में तहलील तो मत हो। 24 August 2024
24SAT10612 इस क़दर मुझपे अज़ीयत का करम होता है। 24 August 2024
24SAT10610 हँसते चेहरे पे अज़ीयत के निशाँ जानता था। 24 August 2024
24SAT10609 जिसका होना मेरे होने को जिला बख़्शता है 24 August 2024
24SAT10607 कहानी में कैसा ये मोड़ आ गया है। 24 August 2024
24SAT10605 मेरी उलझी हुई क़िस्मत का दम भरने नहीं आना। 24 August 2024
24SAT10603 जुगनू के मुक़द्दर में सितारे नहीं होते। 24 August 2024
24SAT10601 किसी और रास्ते पे जो चल पड़ेंगे 24 August 2024
24SAT10599 ग़ैर मुम्किन है मेरे यार 24 August 2024
24SUN10596 जफ़ाओं के बदले वफ़ा माँगते हैं। 18 August 2024
24SUN10594 दिल में है उदासी कुछ 18 August 2024
24SUN10593 यूँ तन्हा ज़िन्दगी की रह गुज़र अच्छी नहीं लगती 18 August 2024
24SUN10591 बहुत परेशाँ हूँ बारिशों से के मेरा आँगन खुला हुआ है। 18 August 2024
24SUN10503 हमें तुझको भुलाने में ज़रा सी देर बाक़ी है। 04 August 2024
24SUN10496 ख़ार की हो जो रहगुज़र सोचो 04 August 2024
24SUN10491 ये नया दर्द जो हर रोज़ जगा देते हो। 04 August 2024
24SUN10489 अता माँगती हूँ रज़ा माँगती हूँ 04 August 2024
24SUN10488 हाए कितना अज़ाब झेलूँ मैं। 04 August 2024
24SUN10486 मैं तेरे प्यार को तकरार समझ बैठी थी। 04 August 2024
24SUN10484 मुझको तनक़ीद से तलक़ीन से डर लगता है। 04 August 2024
24SUN10482 रफ़्ता रफ़्ता खाए क्यों है 04 August 2024
24SUN10480 दिल किसी ने चुरा लिया फ़िर से। 04 August 2024
24SUN10471 रँग बदलते हुए हालात पे रोना आया। 04 August 2024
24SUN10469 तुझको अपनी ख़ुदी समझती हूँ। 04 August 2024
24SUN10466 हरदम है जिसका लहजा व उखड़ा मिज़ाज है। 04 August 2024
24SUN10463 रक़ीबों से जाके तू गर मिल गया है। 04 August 2024
24SUN10460 नज़रों से मेरी दूर था दिल के क़रीब था। 04 August 2024
24SUN10457 तेरे हर वार पर मुस्कुराते रहे। 04 August 2024
24SUN10453 वो प्यार उल्फ़त हसीन चाहत कभी थी जानाँ पर अब नहीं है। 04 August 2024
24SUN10448 मुझसे इक शख़्स वफ़ाओं का सिला माँग रहा था। 04 August 2024
24SUN10445 आया था मुझसे मिलने वो ग़मगीन कर गया। 04 August 2024
24SUN10434 तुम याद मुझको इस क़दर आते हो किसलिए। 04 August 2024
24SUN10430 टूट कर कैसे जुड़ा है उससे बंधन क्या कहें। 04 August 2024
24SUN10426 कल रात मेरे साथ जो पहलू नशीन था। 28 July 2024
24SUN10424 तेरे बिना ए जाने जाँ कामिल नहीं हूँ मैं। 28 July 2024
24SUN10422 तुम मेरे पास जो रहते तो मज़ा और ही था। 28 July 2024
24SUN10420 मोहब्बत की रिवायत में जुदा होना ज़रूरी है। 28 July 2024
24SUN10414 तुम मुझे चाहे तो हर हाल में पा सकता है। 28 July 2024
24SAT10404 ख़ुदा जो करता वो ख़ैर करता ख़ुदा से मुझको गिला नहीं है। 27 July 2024
24SAT10402 हज़्फ़ कर बैठे मुझे सब दास्ताने प्यार में। 27 July 2024
24SAT10400 तुम्हारी उल्फ़त वफ़ा की खुश्बू बताओ किस पर बिखर रही है। 27 July 2024
24SAT10396 चलो जो हो गया वो हो गया अब इसमें रोना क्या। 27 July 2024
24SAT10394 मेरी चाहत में मेरी फुर्क़त में, 27 July 2024
24SAT10390 कभी ख़्वाहिश जो इस दिल की पुरानी चीख़ पड़ती है। 27 July 2024
24SAT10388 अपनी हर शब को इबादत में गुज़ारा कीजे। 27 July 2024
24SAT10384 गर मेरा क़ल्ब तेरे जिस्म में पल जाएगा। 27 July 2024
24SAT10382 पहले तो फूल के छूने से बिखर जाती थी। 27 July 2024
24FRI10302 इक शख़्स मेरे साथ में रहता ज़रूर था। 05 July 2024
24FRI10299 इस क़दर उसको क़फ़स से इश्क़ था के वो असीर, 05 July 2024
24FRI10293 मिस्ले दुश्मन वो मुझे ग़म के हवाले करके, 05 July 2024
24FRI10291 हाए वो हिज्र वो अकेला पन। 05 July 2024
24FRI10287 इस दौरे जफा में कोई तो ए काश के मेरे जैसा हो। 05 July 2024
24SUN10276 ज़ख्म देते हुए हालात से बाहर ले जा! 30 June 2024
24SUN10272 वक़्ते दुनिया पे कुछ अगर लिखना! 30 June 2024
24SUN10266 मुझको भी उससे इश्क़ था उल्फ़त गज़ब की थी! 30 June 2024
24SUN10262 उसे मुझसे मुहब्बत हो रही है। 30 June 2024
24SUN10258 तख़य्युल नम में ढाला जा रहा है। 30 June 2024
24WED10254 करूँ कोशिश मगर लब पर हँसी जारी नहीं होती! 26 June 2024
24WED10244 रब्बा क्यों वो घड़ी नहीं आई! 26 June 2024
24WED10242 इश्क़ से यार बग़ावत नहीं करने वाले! 26 June 2024
24WED10237 ग़म के घिरे सहाब से फ़ुर्सत नहीं मिली! 26 June 2024
24WED10232 सबका नअम उल बदल नहीं होता! 26 June 2024
24SAT10188 ज़िन्दगी से निबाह मुमकिन है! 01 June 2024
24SAT10186 मैंने दुनिया में जिसकी चाहत की! 01 June 2024
24SAT10184 ग़म की शिद्दत से वो रोते वो बिलकते लम्हे! 01 June 2024
24SAT10182 मक्र की ज़िन्दगी नहीं अच्छी! 01 June 2024
24SAT10178 खून बन कर मेरी आँखों से निकलता हुआ दुःख! 01 June 2024
24SAT10170 उसके लफ़्ज़ों की लताफत में जो ढल जाती हूँ! 01 June 2024
24SAT10168 मुझसे मिलते ही मुस्कुराते हो! 01 June 2024
24SAT10165 एहसास तो मिलते हैं अंदाज़ नहीं मिलते! 01 June 2024
24SAT10162 तू अपने दिल को सँभाल लड़की! 01 June 2024
24SAT10160 बाप दस्तार की बेटी से बक़ा माँग रहा! 01 June 2024
24SAT10158 मेरी रोती हुई कमसिन सी जवानी का सबब! 01 June 2024
24SAT10155 हर इक दर्द हँस के तू सहना सिखा दे! 01 June 2024
24SAT10153 इक वो हैं जो जिगर से जाने का सोचते हैं! 01 June 2024
24SAT10150 मुझे बचपन का अपने वो ज़माना याद आता है! 01 June 2024
24SAT10148 वो जिसको मोहब्बत की तहसीन समझते हैं! 01 June 2024
24SAT10144 मैं तुझे हाल अज़ीयत का बताऊँ कैसे! 01 June 2024
24SAT10142 अपनों पे जो था मेरा विश्वास मर गया है! 01 June 2024
24SAT10137 ग़मों से दोस्ती क्यों कर रही है! 01 June 2024
24SAT10135 हर ग़मी और हर कमी इस दिल से रुख़सत हो गई! 01 June 2024
24SAT10131 तू जो कह दे तो मैं ख़ारों पे क़दम रख लूँगी! 01 June 2024
24SAT10129 आँख से बहते हुए आँसू के क़तरे हाए! 01 June 2024
24SAT10127 मेरी दरिया दिली मुबारक हो! 01 June 2024
24SAT10125 इक बात बताओगे! 01 June 2024
24SAT10123 दर्द, दुःख का दवाम नामुमकिन! 01 June 2024
24SAT10121 उल्टे सीधे सवाल करते हो! 01 June 2024
24SAT10119 रसूल अल्लाह के सदक़े हमारा मद्दुआ सुन ले! 01 June 2024
24SAT10116 कभी आशिक़ कभी मजनू कभी ग़मख़्वार होते हैं! 01 June 2024
24SAT10114 उसकी चाहत में ख़यानत नहीं करनी मैंने! 01 June 2024
24FRI10104 इश्क़ में पड़ के अज़ीयत का मज़ा चाहता है! 10 May 2024
24FRI10102 लब पे ज़ख्मी ये हँसी आँख में पानी क्यों है! 10 May 2024
24FRI10094 ख़ून थूकेंगे मुस्कुराएँगे! 10 May 2024
24FRI10091 तुझसे गर ये न फासले होते! 10 May 2024
24FRI10089 बे सब हाथ में खंजर नहीं होता यारा! 10 May 2024
24SAT10086 अगर मुझसे मोहब्बत है तो वापस जा रहे हो क्यों! 04 May 2024
24SAT10084 चश्मे ज़ोया में जितना पानी है! 04 May 2024
24SAT10082 मैं रंजीदा ग़ज़लों वाली! 04 May 2024
24SAT10080 दिलजलों दिल लगी अलालत है! 04 May 2024
24SAT10078 ज़िल्लते इश्क़ की यूँ लिक्खी कहानी उसने! 04 May 2024
24SAT10076 ज़ख़्मों पर आ गया शबाब ए दोस्त! 04 May 2024
24SAT10074 समझ न मुझको तू शाहज़ादी! 04 May 2024
24SAT10072 दिल से नफ़रत हटा नहीं सकते! 04 May 2024
24SAT10070 दिल जो रुकने का काम करता है! 04 May 2024
24SAT10068 रुकना जो नहीं था तो फ़िर आना ही नहीं था! 04 May 2024
24SAT10066 तुमको हम दर्द तनावुल नहीं करने वाले! 04 May 2024
24SAT10064 कौन कहता है मैं बेचारी हूँ! 04 May 2024
24SAT10062 रंजो वेहशत पसंद लड़की हूँ! 04 May 2024
24SAT10060 मोहब्बत में ग़मी लाज़िम है ज़ोया! 04 May 2024
24SUN10058 क़ल्ब में ख़्वाहिशें मदग़म नहीं करने वाले! 28 April 2024
24SUN10056 ज़ख्मों के पुल सिरात पे गुज़रा नहीं गया! 28 April 2024
24SUN10054 ओढ़ लिबादा ख़ामोशी का दुनिया में खो जाती हूँ! 28 April 2024
24SUN10052 वेहशतों का कमाल है ज़ोया! 28 April 2024
24SUN10050 हसीं नज़ारों की ख़ैर होवे! 28 April 2024
24SAT10048 अगर मुहब्बत को मेरी कोसा मैं कह रही हूँ मैं लड़ पडूँगी! 27 April 2024
24FRI10046 बाद मेरे हँसी ख़ुशी के लिए! 26 April 2024
24FRI10044 तकलीफ़ में हूँ कितनी हालात कहूँ किस से! 26 April 2024
24FRI10042 झुरमट में सितारों के जब चाँद निकलता है! 26 April 2024
24FRI10038 ज़िन्दगी का मौत से यूँ राब्ता हो जाएगा! 26 April 2024
24FRI10036 हिज्र की रुत में तड़पती व सिसकती आँखें! 26 April 2024
24FRI09878 मोजिज़ाती ज़िन्दगी में मोजिज़ा होना ही था 15 March 2024
24TUE09868 इश्क़ को बख़्त के चेहरे से बदल कर ख़ुश हैं! 12 March 2024
24TUE09866 बेरंग ज़िन्दगी में हसीं रंग भर गई! 12 March 2024
24TUE09864 तुम्हारी वहशत हमारे ऊपर जो पाँच सालों से मुनकशिफ़ है 12 March 2024
24TUE09862 उसकी आवाज़ जूँ ही कान से टकराती है! 12 March 2024
24TUE09860 अज़ीयत हँस के सहने का हुनर होता है शहज़ादे! 12 March 2024
24TUE09858 उसकी आमद से सूखे फूलों का खिलना बनता है! 12 March 2024
24TUE09856 हम बुरे लोग हैं, हैं बहुत ही ख़राब! 12 March 2024
24SUN09854 तुम मेरी ज़िन्दगी 10 March 2024
24SUN09852 उससे पूछो गर्मी, शिद्दत, प्यास, लहू 10 March 2024
24SUN09850 हम जैसे क़ैदी लोगों को ज़ंजीर से मतलब होता है! 10 March 2024
24SUN09848 न ज़ब्त दिल में न आँखों में आँसुओं का शोर 10 March 2024
24SUN09846 ख़ुद से वहशत कशीद कर लेंगे! 10 March 2024
24SUN09844 मुझको रिश्ते की अगन दिल से बुझाने मत दो! 10 March 2024
24SUN09841 कोई भी रात तेरे ज़िक्र से ख़ाली नहीं जाती! 10 March 2024
24SUN09839 मैं कैसे रोके हल्का बोझ करती, 10 March 2024
24FRI09837 मेरे मौला मुझे तू दीन की रग़बत अता करदे! 08 March 2024
24FRI09833 आँखें दोनों भर आईं थीं जिस्म भी हल्का लरज़ा था! 08 March 2024
24FRI09828 मुहब्बत के उसूलों में तक़द्दुस यूँ ज़रूरी है! 08 March 2024
24FRI09825 कर्ब की बीन बजाते हुए हालात के दुःख! 08 March 2024
24FRI09822 जितनी शिद्दत से तू हर बार किया करता है! 08 March 2024
24TUE09817 उसकी तअरीफ़ लिखूँ मैं तो भला कैसे लिखूँ, 05 March 2024
24TUE09814 जो तुमने तोहफ़े में दी थी वहशत वो मेरी खुशियाँ निगल रही है! 05 March 2024
24TUE09812 आके मेरी मौत पर क्यों रो रहे हो ज़ार ज़ार! 05 March 2024
24TUE09809 तू भी बदला वक़्त के संग संग यअनी बस अंदाज़ नहीं! 05 March 2024
24TUE09803 न उलझनों से भरी हों रातें न दिल पे ग़म का धमाल होवे! 05 March 2024
24TUE09771 अश्क से आँखें हुआ करतीं लबालब साईं! 27 February 2024
24TUE09769 अँधेरी रातों में तन्हा रस्ते पे जब चलोगे तो रो पड़ोगे! 27 February 2024
24TUE09765 ग़म का पहाड़ सर पे गिरा कर चला गया! 27 February 2024
24TUE09763 जैसा जी चाहे वहाँ वैसा ही हो सकता है! 27 February 2024
24TUE09761 रौंदे गए जो पैर से उन मक़बरों में हूँ! 27 February 2024
24MON09759 शमशीर से लेहजों की न ही तीर से हारे! 26 February 2024
24MON09756 अलविदा अलविदा अलविदा अलविदा! 26 February 2024
24MON09754 दर्द से ख़ाक डरें दर्द के सौदाई हैं हम! 26 February 2024
24MON09753 चैन सीने उतर नहीं सकता! 26 February 2024
24MON09751 ज़िन्दगानी का दुःख समझते हो! 26 February 2024
24MON09748 ज़िन्दगी ख़ुशनुमा उदासी है! 26 February 2024
24MON09747 आसाब पे तारी है थकन और बदन है! 26 February 2024
24MON09744 हमारे पहलू में रहने वालों तुम्हें हमारी ख़बर ही कब है! 26 February 2024
24MON09742 बदन जो बेच पैसा झेलते हैं! 26 February 2024
24MON09738 ये इश्क़ बला ज़ाद है टल क्यों नहीं जाता! 26 February 2024
24MON09734 मैं चाहती हूँ इश्क़ का मक़सद ही हल न हो! 26 February 2024
24MON09731 के जिस तरह से सुकूँ आदमी को लाज़िम है! 26 February 2024
24MON09728 बात बच्चों की तरह मेरी न टाला करते! 26 February 2024
24MON09726 हँसते चेहरे पे भी वहशत की अदा चाहते हैं! 26 February 2024
24MON09723 इब्तिदा माज़िरत! 26 February 2024
24TUE09702 अनकही अनसुनी दुआ से मिले! 20 February 2024
24TUE09692 नफ़रत के बाद इश्क़ का दअवा किए बग़ैर! 20 February 2024
24TUE09689 लम्हाते वस्ल हिज्र की चौखट पे मार दें! 20 February 2024
24TUE09683 सच के बदन पे झूट का पहरा है हद नहीं! 20 February 2024
24TUE09676 आएँ बेहतर से बेहतरी की तरफ़! 20 February 2024
24THU09620 किसी की यादें किसी के पीछे कई बरस से पड़ी हुई हैं! 01 February 2024
24THU09618 हम जैसों के चीख़ से रिश्ते होते हैं! 01 February 2024
24THU09615 हमारी खुशियों के बीच `ज़ोया` इक आड़ बन कर खड़ा हुआ है! 01 February 2024
24THU09613 हम हिज्र को रिस्ता देख चुके! 01 February 2024
24THU09611 सुकून आँखों में मर गया है तमाम सपने भटक चुके हैं! 01 February 2024
24THU09608 मेरे आक़ा तुझे देखे से बहुत दिन गुज़रे! 01 February 2024
24THU09606 हाथ में डंडा आँख में लाली चेहरे पे लाचारी है! 01 February 2024
24THU09604 तन्हाइयों का शोर दिल आज़ारियाँ समझ! 01 February 2024
24THU09600 जिगर जब दुःख से आरी हो गया था 01 February 2024
24THU09597 तुम मेरा फख़्र मेरा मान बने हो साईं! 01 February 2024
24THU09595 जब सब्र इम्तिहान से आगे निकल गया! 01 February 2024
24THU09593 हँसी होंटों पे दिल में ख़ामशी थी! 01 February 2024
24THU09589 सहूलतें, अक़ीदतें, मुहब्बतें कहाँ गईं! 01 February 2024
24SUN09585 इश्क़ को दर्द मुहब्बत को अज़ीयत जाना! 28 January 2024
24SUN09583 वो शख़्स मेरी ज़ीस्त है मेरा गुरूर है! 28 January 2024
24SUN09581 पतझड़ी रुत में बहारों की दुहाई लाया! 28 January 2024
24SUN09579 हमारे चेहरों पे ज़िन्दग़ी का अजब मुअम्मा बना हुआ है! 28 January 2024
24SUN09577 इश्क़ बाज़ों से ख़ौफ़ आता था! 28 January 2024
24SAT09575 तुम्हारी यादों के ज़ख्म जब भी मुझे मिलेंगे 27 January 2024
24SAT09573 गर तू मेरी सोचों में मेरे साथ खड़ा है 27 January 2024
24FRI09569 चैन की ज़िन्दगी ख़ुदा हाफ़िज़! 26 January 2024
24FRI09567 हमारे बाद तू रिश्ते नहीं निभाएगा 26 January 2024
24FRI09563 कभी कभी तो मेरा ज़ख्म खिलखिलाता है 26 January 2024
24FRI09561 मेरे दिमाग़ में उलझन की रतजगाई है! 26 January 2024
24FRI09558 किस क़दर उलझी हुई है जिंदगानी क्या कहें! 26 January 2024
24MON09426 दश्ते ख़िजाँ में क़ैद थीं आसानियाँ मेरी! 01 January 2024
24MON09422 टूटी ईंटों का छत की शान का दुःख 01 January 2024
24MON09419 बाद तेरे मैं तेरा सोग मना के रोई! 01 January 2024
24MON09416 किसी से तो किसी से तो मेरे यारा पता कीजे! 01 January 2024
24MON09414 चीख़ता है तो कभी चुप की सज़ा देता है! 01 January 2024
24MON09412 कमरे में वेहशतों का बाजा सुनाई दे है! 01 January 2024
24MON09409 कौन कहता ख़ुमार है यारा! 01 January 2024
24MON09407 खिलते चेहरे पे अज़ीयत को अयाँ रक्खा था! 01 January 2024
24MON09405 मेरी ग़ज़लों की बेबसी समझो! 01 January 2024
24MON09403 हमारी ग़ज़लों की चंद सतरें हमारे माज़ी की दास्ताँ हैं 01 January 2024
24MON09401 मुब्तिलाए सितम कहानी हूँ! 01 January 2024
23THU09399 मेरी ज़िंदगी का सवाल है 28 December 2023
23THU09397 लेकर के शक्ल दर्द की शेअरों में ढल गए! 28 December 2023
23THU09395 दोस्त वेहदत की अगन दिल में जलाए रखना! 28 December 2023
23THU09393 काले कपड़े से कई बार लिपट के रोई! 28 December 2023
23THU09391 मेरी वेहशता 28 December 2023
23THU09389 जिसका चेहरा हसीं अली क़ेसर 28 December 2023
23THU09387 शोर करते हुए बच्चों का जवानों का हुजूम 28 December 2023
23THU09385 फूलों से अच्छी खासी यारी थी 28 December 2023
23THU09383 रफ्ता रफ्ता ज़िन्दग़ी से राब्ता घटता गया 28 December 2023
23WED09381 तारीके शब में नूर का जलता दिया थे दोस्त 27 December 2023
23WED09379 चंद लम्हों की रिफाक़त 27 December 2023
23WED09377 मंज़िल पे अज़ीयत की क़दम रख के मरेंगे 27 December 2023
23WED09375 हिज्र की शब 27 December 2023
23WED09373 जब दर्द इज़्तिराब से आगे निकल गया 27 December 2023
23WED09370 कान्हा के पहलू में 27 December 2023
23WED09367 झुक के तुझको मनाते 27 December 2023
23WED09364 दर्द वहशत का आइना कब है 27 December 2023
23WED09361 सर पे ईमाँ का ताज रख लो 27 December 2023
23WED09358 दरूने ज़ात में उलझी डगर थे हम दोनों! 27 December 2023
23SAT09243 कहीं कोने में जाला देख लेना! 02 December 2023
23SAT09241 दिल अज़ीयत में घिर गया था दोस्त! 02 December 2023
23SAT09238 हर गाँव और शह्र में धोका दिखाई दे! 02 December 2023
23SAT09234 मुझको प्यार के बदले में प्यार दे 02 December 2023
23SAT09231 सीने में उलझनों का जोबन कमाल अस्त! 02 December 2023
23THU09226 सर झुका कर के हर इक बात पे राज़ी होना! 30 November 2023
23THU09224 तू जो हँसती हुई कभी आए! 30 November 2023
23THU09220 हश्र में तेरे मुक़ाबिल में जो लाए जाएँ! 30 November 2023
23THU09218 माज़ी की तल्ख़ियों को भुलाना पड़ा मुझे! 30 November 2023
23THU09215 खिड़की से जब भी चाँद को देखा करूँगी मैं! 30 November 2023
23THU09213 दर्मियाँ जो सरहद की बेड़ियाँ नहीं होतीं! 30 November 2023
23THU09211 चाहा है किसे कब क्यों ये सच नहीं बोलूँगी! 30 November 2023
23THU09208 कुल जहाँ से उसे हसीं लिखना! 30 November 2023
23THU09205 ये तेरा ग़म है जो सीने में मेरे रक्स करे! 30 November 2023
23THU09203 ये चाहत कुछ नहीं होती ये उल्फत कुछ नहीं होती! 30 November 2023
23MON09201 मुझे गुस्से में माई जब भी वहशत ज़ात कहती थी 27 November 2023
23MON09197 प्यार तेरा अगर बिलाली था 27 November 2023
23MON09195 अपनी ग़ल्ती का मेरे यार मदावा कर लो! 27 November 2023
23MON09189 हसरतें ख़्वाहिशें हर साँस पे वारा करना 27 November 2023
23MON09187 मस्कन अज़ीयतों का हूँ वहशत का बाब हूँ! 27 November 2023
23THU09106 कर्ब के मरहले समझते हो? 02 November 2023

79 रचनाएँ हिन्दी बोल India पर प्रकाशित

Post Hashtag/कोड शीर्षक तिथि
#24THU09604 तन्हाइयों का शोर दिल आज़ारियाँ समझ! 25 March 2025
#24THU09600 जिगर जब दुःख से आरी हो गया था 13 March 2025
#24THU09597 तुम मेरा फख़्र मेरा मान बने हो साईं! 05 March 2025
#24THU09595 जब सब्र इम्तिहान से आगे निकल गया! 22 February 2025
#24THU09593 हँसी होंटों पे दिल में ख़ामशी थी! 11 February 2025
#24THU09589 सहूलतें, अक़ीदतें, मुहब्बतें कहाँ गईं! 03 February 2025
#24SUN09585 इश्क़ को दर्द मुहब्बत को अज़ीयत जाना! 08 January 2025
#24SUN09581 पतझड़ी रुत में बहारों की दुहाई लाया! 16 December 2024
#24SUN09583 वो शख़्स मेरी ज़ीस्त है मेरा गुरूर है! 11 December 2024
#24SUN09577 इश्क़ बाज़ों से ख़ौफ़ आता था! 10 December 2024
#24SUN09579 हमारे चेहरों पे ज़िन्दग़ी का अजब मुअम्मा बना हुआ है! 07 December 2024
#24SAT09573 गर तू मेरी सोचों में मेरे साथ खड़ा है 05 December 2024
#24FRI09569 चैन की ज़िन्दगी ख़ुदा हाफ़िज़! 30 November 2024
#24SAT09575 तुम्हारी यादों के ज़ख्म जब भी मुझे मिलेंगे 27 November 2024
#24FRI09567 हमारे बाद तू रिश्ते नहीं निभाएगा 21 November 2024
#24FRI09563 कभी कभी तो मेरा ज़ख्म खिलखिलाता है 19 November 2024
#24FRI09561 मेरे दिमाग़ में उलझन की रतजगाई है! 09 November 2024
#24FRI09558 किस क़दर उलझी हुई है जिंदगानी क्या कहें! 01 November 2024
#24MON09426 दश्ते ख़िजाँ में क़ैद थीं आसानियाँ मेरी! 15 October 2024
#24MON09422 टूटी ईंटों का छत की शान का दुःख 14 October 2024
#24MON09419 बाद तेरे मैं तेरा सोग मना के रोई! 08 October 2024
#24MON09414 चीख़ता है तो कभी चुप की सज़ा देता है! 03 October 2024
#24MON09416 किसी से तो किसी से तो मेरे यारा पता कीजे! 02 October 2024
#24MON09412 कमरे में वेहशतों का बाजा सुनाई दे है! 19 September 2024
#24MON09409 कौन कहता ख़ुमार है यारा! 14 September 2024
#24MON09407 खिलते चेहरे पे अज़ीयत को अयाँ रक्खा था! 06 September 2024
#24MON09405 मेरी ग़ज़लों की बेबसी समझो! 30 August 2024
#24MON09403 हमारी ग़ज़लों की चंद सतरें हमारे माज़ी की दास्ताँ हैं 21 August 2024
#24MON09401 मुब्तिलाए सितम कहानी हूँ! 16 August 2024
#23THU09399 मेरी ज़िंदगी का सवाल है 09 August 2024
#23THU09397 लेकर के शक्ल दर्द की शेअरों में ढल गए! 31 July 2024
#23THU09395 दोस्त वेहदत की अगन दिल में जलाए रखना! 24 July 2024
#23THU09393 काले कपड़े से कई बार लिपट के रोई! 22 July 2024
#23THU09391 मेरी वेहशता 15 July 2024
#23THU09389 जिसका चेहरा हसीं अली क़ेसर 04 July 2024
#23THU09385 फूलों से अच्छी खासी यारी थी 27 June 2024
#23THU09387 शोर करते हुए बच्चों का जवानों का हुजूम 16 June 2024
#23WED09377 मंज़िल पे अज़ीयत की क़दम रख के मरेंगे 04 June 2024
#23WED09379 चंद लम्हों की रिफाक़त 01 June 2024
#23WED09381 तारीके शब में नूर का जलता दिया थे दोस्त 27 May 2024
#23THU09383 रफ्ता रफ्ता ज़िन्दग़ी से राब्ता घटता गया 18 May 2024
#23WED09375 हिज्र की शब 15 May 2024
#23WED09373 जब दर्द इज़्तिराब से आगे निकल गया 13 May 2024
#23WED09370 कान्हा के पहलू में 09 May 2024
#23WED09367 झुक के तुझको मनाते 29 April 2024
#23WED09364 दर्द वहशत का आइना कब है 17 April 2024
#23WED09361 सर पे ईमाँ का ताज रख लो 11 April 2024
#23WED09358 दरूने ज़ात में उलझी डगर थे हम दोनों! 05 April 2024
#23SAT09243 कहीं कोने में जाला देख लेना! 30 March 2024
#23SAT09241 दिल अज़ीयत में घिर गया था दोस्त! 22 March 2024
#23SAT09238 हर गाँव और शह्र में धोका दिखाई दे! 13 March 2024
#23SAT09234 मुझको प्यार के बदले में प्यार दे 09 March 2024
#23SAT09231 सीने में उलझनों का जोबन कमाल अस्त! 02 March 2024
#23THU09226 सर झुका कर के हर इक बात पे राज़ी होना! 27 February 2024
#23THU09224 तू जो हँसती हुई कभी आए! 20 February 2024
#23THU09220 हश्र में तेरे मुक़ाबिल में जो लाए जाएँ! 14 February 2024
#23THU09218 माज़ी की तल्ख़ियों को भुलाना पड़ा मुझे! 07 February 2024
#23THU09215 खिड़की से जब भी चाँद को देखा करूँगी मैं! 27 January 2024
#23THU09213 दर्मियाँ जो सरहद की बेड़ियाँ नहीं होतीं! 23 January 2024
#23THU09211 चाहा है किसे कब क्यों ये सच नहीं बोलूँगी! 10 January 2024
#23THU09208 कुल जहाँ से उसे हसीं लिखना! 05 January 2024
#23THU09205 ये तेरा ग़म है जो सीने में मेरे रक्स करे! 28 December 2023
#23THU09203 ये चाहत कुछ नहीं होती ये उल्फत कुछ नहीं होती! 25 December 2023
#23MON09201 मुझे गुस्से में माई जब भी वहशत ज़ात कहती थी 19 December 2023
#23MON09197 प्यार तेरा अगर बिलाली था 14 December 2023
#23MON09195 अपनी ग़ल्ती का मेरे यार मदावा कर लो! 09 December 2023
#23MON09189 हसरतें ख़्वाहिशें हर साँस पे वारा करना 05 December 2023
#23MON09187 मस्कन अज़ीयतों का हूँ वहशत का बाब हूँ! 30 November 2023
#23THU09106 कर्ब के मरहले समझते हो? 03 November 2023
#SWARACHIT6149 जिंदगी एक मुक़द्दर का ख़ला है तो है 05 October 2023
#SWARACHIT6141 अश्क बहाने का शुक्रिया 29 September 2023
#SWARACHIT6081 नख़रे हमारे हँस के सहा कीजिए जनाब 26 August 2023
#SWARACHIT6068 जैसे मालिक उधार देता है 19 August 2023
#SWARACHIT6029 जो कल नाज़ों में पाली जा रही थी 03 August 2023
#SWARACHIT6006 दिल से वेहशत मिटाओ रब राखा 29 July 2023
#SWARACHIT5091 चीख़ता है तो कभी चुप की सज़ा देता है 25 July 2023
#SWARACHIT5085 मेरी ग़ज़लों की बेबसी समझो 22 July 2023
#SWARACHIT5070 जब नज़र तुझ से जुदा हो के पलट आई थी 15 July 2023
#SWARACHIT5063 उसूलों का भरम 12 July 2023

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