नाम: विनय सिंह
शिक्षा:
शहर: प्रयागराज
शौक: पढ़ना, लेखन और घुमक्कड़ी
कलमकार का कहना है-
"मै एक प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक हूँ, कविताएँ लिखने और पढ़ने का शौक है, बच्चों को पढ़ाता हूँ उन्हें जीवन के गुण सिखाता हूँ और बहुत कुछ सीखता हूँ भी।"
| कोड | शीर्षक | तिथि |
| 25TUE13202 | उल्लू कैसे बन जाते हैं | 04 November 2025 |
| 25FRI13173 | ठहरना ठीक है | 31 October 2025 |
| 25THU12922 | मिलूंगा उससे | 25 September 2025 |
| 25SUN12595 | दुःख | 10 August 2025 |
| 25THU12319 | दुनिया | 03 July 2025 |
| 25THU12315 | मनुहार | 03 July 2025 |
| 21THU02469 | स्वतंत्रता इतनी चाहिए कि... | 15 July 2021 |
| 21SUN02432 | तुम | 11 July 2021 |
| 21SUN02267 | शब्द तुम्हारे | 13 June 2021 |
| 21MON02171 | तुम कहाँ - मैं कहाँ | 31 May 2021 |
| 21MON02169 | दो बातें | 31 May 2021 |
| 21WED02085 | चक्रव्यूह | 19 May 2021 |
| 21WED02082 | प्रेम | 19 May 2021 |
| 21WED02080 | आखिर क्यूँ ? | 19 May 2021 |
हमारे देश के नए रचनाकारों के विचारों को साहित्य की दुनिया में एक विशेष स्थान प्रदान करने में आप जैसे पाठक की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
Become Reader+Subscreiber
यदि आप सब्सक्राइब करना चाहते हैं तो यहाँ क्लिक करें।